युवती से मिलने गया युवक, देखते ही चाचा ने मारी ईंट, तो भतीजे ने दबौचा, फिर कर डाली हत्या, लाश को बोरे में रख फेंका नदी में, FIR के बाद आरोपी गिरफ्तार, पढ़े चित्तौड़गढ़ पुलिस का बड़ा खुलासा

 

 

 OMG ! युवती से मिलने गया युवक, देखते ही चाचा ने मारी ईंट, तो भतीजे ने दबौचा, फिर कर डाली हत्या, लाश को बोरे में रख फेंका नदी में, FIR के बाद आरोपी गिरफ्तार, पढ़े चित्तौड़गढ़ पुलिस का बड़ा खुलासा

चित्तौडग़ढ़। भदेसर थाना क्षेत्र के होड़ा चौराहा के पास स्थित हाइवे पर वागन नदी की पुलिया पर मिले शव की हत्या की गुत्थी 48 घंटे में पुलिस ने सुलझा कर दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। प्रारंभिक जांच में हत्या का कारण प्रेम प्रसंग माना गया।जानकारी के अनुसार होड़ा गांव निवासी अशोक पिता रामेश्वर लाल शर्मा ने 8 अप्रेल को रिपोर्ट दी कि, हाइवे स्थित वागन नदी और पुलिया के नीचे बोरे में बंद अज्ञात शव पड़ा है। जिसके बाद सामने आया कि, हत्या दूसरी जगह कर शव नदी में फेंका गया, जो तीन चार दिन पुराना हो सकता है।

 

सूचना पर थाना प्रभारी सज्जन सिंह मय जाब्ते के पहुंचे, तथा शव को चित्तौडग़ढ़ जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। इस संबंध में जिला पुलिस अधीक्षक प्रीति जैन व अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक कैलाश सिंह सांधू व भदेसर डिप्टी शिप्रा राजावत के सुपर विजन में अलग अलग टीमें गठित कर जांच के निर्देश दिए।

 

जांच के दौरान मृतक की शिनाख्त मोनू पिता श्यामलाल दुबे शर्मा निवासी बूंदी रोड़, चित्तौडग़ढ़ के रूप में हुई। शव की पहचान मृतक के पिता ने की। पोस्टमार्टम मेडिकल बोर्ड से करवाकर शव परिजनों को सौंप दिया था। इस संबंध में भदेसर डिप्टी राजावत ने अलग-अलग टीमों को भीलवाड़ा, चित्तौड़ तथा गंगरार भेजा। वहां से छोटू सिंह पिता चतर सिंह तथा इसी के भतीजे कालू सिंह पिता लाल सिंह निवासी नोलागाडरी का खेड़ा थाना गंगरार को डिटेन किया, और पूछताछ शुरू की। इस दौरान उन्होंने बताया कि, मोनू पिता श्यामलाल की हत्या वैन में डाल कर लाए, तथा सबूत मिटाने के उद्देश्य शव को नदी में फेंक दिया। इस संबंध में आरोपी ने हत्या का आरोप कबूला है।

 

युवती से मिलने गया था- जानकारी मिली की मृतक की 5 अप्रेल को युवती से बात हुई, और 6 अप्रेल रात 10 बजे वह उससे मिलने उसके गांव पहुंचा। जहां युवती के पिता छोटूसिंह ने उस पर ईंट फैक कर मारी। जिससे उसकी कमर में चोट लगी। इसके बाद युवक ने भागने का प्रयास किया, लेकिन कुछ ही दूर छोटू सिंह एवं उसके भतीजे ने दबोच लिया, और उसके मुंह को जूते से दबा दिया। जिससे उसकी दम घुटने से मौत हो गई। इस मामले में सदर थाना प्रभारी हरेन्द्र सिंह सोड़ा एवं गंगरार थाना प्रभारी शिवलालमीणा ने पूरी तरह से जांच कर मामले को खोलने में अपनी अहम भूमिका निभाई।